बलिया, 2 अप्रैल 2026 – बड़ी खबर ये है की बलिया जिले में प्रस्तावित मेडिकल कॉलेज बनाने के लिए एक महत्वाकांक्षी परियोजना शुरू हो गई है। शासन ने मेडिकल बाईपास कॉरिडोर की स्वीकृति देते हुए धनराशि जारी कर दी है। इस कॉरिडोर का निर्माण 35.23 करोड़ रुपये की लागत से किया जाएगा। निर्माण कार्य शुरू कराने के लिए शासन से पहली किस्त के रूप में 1.73 करोड़ रुपये की धनराशि भी जारी हो गई है।
मेडिकल बाईपास कॉरिडोर की मुख्य विशेषताएं
- कुल लंबाई: लगभग 1.50 किलोमीटर
- सड़क: दो लेन का चौड़ीकरण एवं सुदृढ़ीकरण
- एक पुलिया का निर्माण
- मार्ग: माल्देपुर मोड़ (एनएच-31) से हैबतपुर होते हुए जिला महिला अस्पताल तक
- अंतिम छोर: सीधे एनएच-31 और ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे के सर्विस लेन से जुड़ेगा
क्यों जरूरी है यह बाईपास?
- शहर के अंदर आने-जाने वाले वाहनों को जाम से राहत मिलेगी
- एंबुलेंस और इमरजेंसी वाहनों को तेज पहुंच मिलेगी
- मेडिकल कॉलेज के निर्माण के बाद मरीजों और स्टाफ को सुविधा होगी
- रोज यातायात का बोझ कम होगा
मंत्री दयाशंकर सिंह की पहल
सदर विधायक एवं परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने छह महीने पहले ही इस बाईपास का प्रस्ताव तैयार कर शासन को भेजा था। मंत्री ने कहा कि इस कॉरिडोर के बनने से बलिया शहर की यातायात व्यवस्था बेहतर होगी और मेडिकल कॉलेज की पहुंच आसान हो जाएगी।
आगे की प्रक्रिया
लोक निर्माण विभाग (PWD) अब निर्माण कार्य शुरू करने की तैयारी में है। परियोजना के पूरा होने पर माल्देपुर मोड़ से शहर की ओर आने वाले वाहनों को जाम का सामना नहीं करना पड़ेगा।
स्थानीय लोगों और चिकित्सा क्षेत्र से जुड़े लोगों ने इस परियोजना का स्वागत किया है। एक स्थानीय नागरिक ने कहा, “एंबुलेंस को जाम में फंसने की समस्या अब खत्म हो जाएगी।”
यह परियोजना बलिया में स्वास्थ्य सुविधाओं और यातायात व्यवस्था दोनों को मजबूत करने की दिशा में एक बड़ा कदम है।
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